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सजा सुनाने वाले जजों के खिलाफ भी शिकायत की जा सकेगी

नई दिल्ली - अब सजा सुनाने वाले जजों के खिलाफ भी शिकायत की जा सकेगी। मीडिया रिपोर्टस के मुताबिक सुप्रीम कोर्ट ने एक अधिसूचना जारी की है। जिसमें अब जजों के खिलाफ भी शिकायत करने के प्रावधान के बारे में जानकारी दी गई है। इसके तहत अब आप जजों के खिलाफ सबूतों को इकट्ठा कर शिकायत कर सकते हैं। इससे पहले जजों के खिलाफ शिकायत नहीं की जा सकती थी। जजों को हटाने के लिए अलग से कानून है (जजेज इंक्वायरी एक्ट-1968), जिसकी कार्रवाई काफी लंबे समय तक चलने वाली होती है।

अधिसूचना जारी करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि इससे लोगों का न्यायतंत्र पर भरोसा बढ़ेगा। अगर शिकायतकर्ता किसी जज पर आरोप लगाता है, तो उसकी जांच चीफ जस्टिस करवाएंगे। वहीं अगर जज के खिलाफ सबूत पाए गए तो तीन जजों की जांच कमेटी गठन कर मामले की जांच कराई जाएगी। साथ ही अगर जज पर लगाए गए आरोप सही पाए जाते हैं तो चीफ जस्टिस उन्हें न्यायिक कार्य से हटाने, पद से इस्तीफा देने, स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति लेने के लिए और जवाबतलब करने के लिए प्रधानमंत्री को सूचना देने तक का दंड दे सकते हैं।


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