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दैनिक हिन्दुस्तान के अवैध प्रकाशन और विज्ञापन घोटाले में हिन्दुस्तान के पांच शीर्ष पदाधिकारियों के विरूद्ध थाना में प्राथमिकी दर्ज

 म‍ीडिया वॉच डाग ने सभी अवैध प्रकाशनों के खिलाफ मामला दर्ज कराने का निर्णय लिया : मुंगेर। बिहारके मुंगेर के मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी मनोज कुमार सिन्हा के द्वारा दैनिक हिन्दुस्तान के अवैध प्रकाशन और लगभग दो सौ करोड़ के कथित विज्ञापन घोटाले में हिन्दुस्तान के पांच शीर्ष पदाधिकारियों के विरूद्ध आईपीसी और प्रेस एण्ड रजिस्‍ट्रेशन आफ बुक्स एक्ट के तहत कोतवाली थाना में प्राथमिकी दर्ज करने के फैसले के बाद दैनिक हिन्दुस्तान के बिहार, झारखंड, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और दिल्ली में कई संस्‍करणों में छपने वाले अवैध प्रकाशनों के स्थानीय संपादकों की धड़कनें बढ़ गई हैं।

इन अवैध प्रकाशन से जुड़ी इकाइयों में संपादकों में हड़कम्‍प की स्थिति सी बन गई है। देश के कोने-कोने से मिल रही खबर में बताया गया है कि अवैध संस्करणों/प्रकाशनों के स्थानीय संपादकों को भी अब जालसाजी के मुकदमे में फंसने और अपना कैरियर खराब होने का भय सताने लगा है। कुछ संपादक यह कहने लगे हैं कि-‘ खेत खाय गदहा, मार खाय जुलहा ’वाली कहावत यहां चरिचार्थ होने जा रही है।

इस बीच, निजी सामाजिक संगठन ‘मीडिया वाच डाग’ के अध्यक्ष काशी प्रसाद (अधिवक्ता) और महामंत्री बिपिन मंडल (अधिवक्ता), जिन्होंने मुंगेर के मुकदमे का ड्राफ्ट बनाने का ऐतिहासिक काम किया, ने बताया है कि संगठन ने आवश्यक बैठक में बिहार के पटना छोड़कर अन्य 36 जिलों में दैनिक हिन्दुस्तान के छप रहे अवैध प्रकाशन/संस्करण और इसके विज्ञापन फर्जीवाड़ा के मामले में प्रत्येक जिले के मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी के न्यायालय में परिवाद-पत्र दायर करने का फैसला लिया है। निर्णय को जल्द कार्यरुप में तब्दील किया जायेगा।

विदित हो कि बिहार के पटना छोड़कर अन्य सभी 36 जिलों में दैनिक हिन्दुस्तान अलग-अलग रूपों में अवैध ढंग से प्रकाशित और वितरित हो रहा है और अवैध संस्करण/ प्रकाशन के जरिए अखबार सरकारी विज्ञापन छापकर करोड़ों रुपया सरकारी खजाने से लूट रहा है। इस सरकारी खजाने की लूट में अखबार का सहयोग संबंधित जिलों के जिलाधिकारी, जिला जनसम्पर्क अधिकारी, सूचना एवं जनसम्पर्क निदेशालय, पटना के वरीय अधिकारी के साथ-साथ प्रेस रजिस्‍ट्रार कार्यालय, नई दिल्ली और डीएवीपी, नई दिल्ली कर रहा है।

स्मरणीय है कि मुंगेर के मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी मनोज कुमार सिन्हा ने सामाजिक कार्यकर्ता मंटू शर्मा के परिवाद-पत्र, जिसकी संख्या- 993सी0/2011 है, में ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए दैनिक हिन्दुस्तान की प्रमुख शोभना भरतिया, प्रकाशक अमित चोपड़ा, प्रधान संपादक शशि शेखर, पटना संस्करण के स्थानीय संपादक अकु श्रीवास्तव और भागलपुर संस्करण के उप-स्थानीय संपादक बिनोद बंधु के विरुद्ध आईपीसी की धारा 420, 471 और 476 और प्रेस एण्ड रजिस्ट्रेशन आफ बुक्स एक्ट, 1867 की धारा 8 बी, 14 और 15 के तहत कोतवाली थाना में प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश दिया था।

मुंगेर से श्रीकृष्‍ण प्रसाद की रिपोर्ट.


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